झूले में थूकने की बात के मामूली विवाद में जबरदस्ती जहर पिलाकर की थी युवक की हत्या, पांच आरोपी गिरफ्तार
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✍ सर्च इंडिया न्यूज, रतलाम।
रतलाम जिले में मारपीट, जानलेवा हमला, हत्या आदि के अपराध बढ़ते जा रहे है। लोग छोटी-छोटी बातों को लेकर हत्या करने जैसे खतरनाक कदम उठाने से भी पीछे नहीं हट रहे है। रतलाम जिले के आलोट नगर में धारोला क्षेत्र में आयोजित मेले में झूले के अंदर थूकने के मामूली विवाद में एक युवक की जहर देकर हत्या करने का खतरनाक कदम उठाने का मामला सामने आया है। मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें दो नाबालिग लड़के शामिल है। पुलिस के अनुसार आरोपियों व मृतक के बीच नाव वाले झूले में थूकने की बात को लेकर विवाद हुआ था। इसी विवाद की रंजिश के चलते दो दिन बाद आरोपियों ने युवक को जबरदस्ती जहर पिलाकर उसकी हत्या कर दी।
पुलिस के अनुसार कृष्ण पाल सिंह की हत्या के मामले में आरोपी 22 वर्ष से कुलदीप सिंह पिता पूरसिंह, 18 वर्षीय युवराज सिंह पिता पुरसिंह और 24 वर्षीय गोविंद सिंह पिता अर्जुन सिंह पंवार सभी निवासी ग्राम मुंज तथा दो नाबालिक लड़कों को गिरफ्तार किया गया है । उल्लेखनीय है कि रतलाम जिले की आलोट तहसील के ग्राम खामरिया निवासी 21 वर्षीय कृष्णपालसिंह पिता लक्ष्मण सिंह 19 मई 2026 की रात घर से आलोट नगर के धरोला मेले में घूमने गया था। कुछ देर बाद वह आलोट नगर के शंकर मंदिर के पास स्थित पुलिया के नीचे अचैत मिला था। सूचना मिलने पर परिजन व ग्रामीण उसे एक निजी अस्पताल ले गए थे, जहां उसकी मौत हो गई थी। उसकी मौत से परिजन व ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया था। उन्होंने शव थाने के सामने सड़क पर रखकर चक्काजाम कर आरोप लगाया था कि कृष्णपाल सिंह का दो-तीन दिन पहले कुछ युवकों से विवाद हुआ था। युवकों ने उसे जहर देकर मारा है। आरोपी युवकों को गिरफ्तार किया जाए। पुलिस अधिकारियों द्वारा जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देने पर देर रात चक्काजाम समाप्त किया गया था। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया था। वहीं दूसरे दिन 20 मई को सुबह पुन: परिजन व ग्रामीणों ने आलोट के कारगिर चौराह पर चक्काजाम कर दिया था और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने, उन्हें गिरफ्तार करने, उनके घर तोडने व मृतक के परिजन को आर्थिक सहायता देने की मांग करने लगे थे। एसडीएम रचना शर्मा, एसडीओपी पल्लवी गौर, थाना प्रभारी मुनेंद्र गौतम व अन्य अधिकारी तथा जवान मौके पर पहुंचे थे तथा परिजन व ग्रामीणों से चर्चा कर उन्हें कार्रवाई करने का आश्वसान दिया था। इसके बाद चक्काजाम समाप्त किया गया।
जानकारी मिलने पर पहुंचे थे पिता व अन्य मौके पर
पुलिस के अनुसार मृतक कृष्णपाल सिंह के काका श्याम सिंह की रिपोर्ट पर आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया था। काका श्याम सिंह ने आलोट थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी वे 19 मई की रात करीब साढे आठ बजे करीब बायपास खेडी रोड पर चाय की दुकान पर चाय पी रहा था। तभी मेरे भाई लक्ष्मणसिंह घबराते हुए आए थे तथा बताया था कि उनके साले गोविंदसिंह ने फोन लगाकर सूचना दी है कि कृष्णपाल ने उन्हें फोन पर बताया है कि आरोपियों ने जबरदस्ती उसके मुंह मे कोई दवाई डालकर मुंह दबाकर खेडी रोड धरोला बायपास पुलिया के नीचे छोड गए है। मैं व मेरा भाई लक्ष्मणसिंह तत्काल पुलिया के नीचे पहुंचे थे और वहां कृष्णपाल सिंह पडा था। भतीजे शिवराज को फोन कर वहां बुलाया था। इसके बाद शिवराजसिंह और हम बाइक से कृष्णपाल सिंह को एक निजी अस्पताल ले गए जहां उसकी मौत हो गई थी।
राजस्थान भाग गए थे आरोपी
एसडीओपी पल्लवी गौर ने गुरुवार को पत्रकार वार्ता में हत्याकांड का खुलासा करते हुए बताया कि मृतक कृष्णपाल सिंह के काका श्याम सिंह की रिपोर्ट पर आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया था। काका श्याम सिंह ने आलोट थाने पर रिपोर्ट लिखाई कि उनके भतीजे को जहर देकर आरोपियों ने मारा है। प्रकरण दर्ज कर आरोपियों गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें भेजी गई। आरोपी राजस्थान भाग गए थे। उनके परिजन पर दबाव बनाकर आरोपियों को पता लगाया गया और पांचों को अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों को 22 मई को न्यायालय में पेश किया जाएगा। आरोपियों ने थूकने के मामूली विवाद की रंजिश में कृष्णपाल सिंह की जबरदस्ती जहर पिलाकर हत्या कर दी थी। मामले की जांच की जा रही है।