जनगणना 2027 : ऑनलाइन गणना फार्म नहीं भरा हो तो जल्दी करें, अपना गणना फार्म ऑनलाइन भरे, अब है मात्र चार दिन का समय
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✍ सर्च इंडिया न्यूज, रतलाम।
देश भर के साथ ही रतलाम जिले में भी डिजिटल जनगणना की दिशा में स्व-गणना अभियान आधिकारिक रूप से चल रहा है। यह अभियान 30 अप्रैल 2026 तक चलेगा। अनेक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक आधिकारिक पोर्टल https://se.census.gov.in पर जाकर अपनी जानकारी दर्ज कर चुके है। अब ऑनलाइन जानकारी दर्ज करने के लिए केवल तीन दिन का समय बचा है, जिन नागरिकों ने जानकारी दर्ज नहीं की है, वे 30 अप्रैल तक ऑनलाइन जानकारी दर्ज कर जनगणना के इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सहयोग सुनिश्चित करें।
जनगणना निदेशालय भारत सरकार के निर्देशानुसार, जनगणना 2027 के प्रथम चरण "मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना" के लिए स्व-गणना (Self-Enumeration) की सुविधा दी गई है। इसके नागरिक स्वयं ऑनलाइन माध्यम से अपने परिवार का विवरण दर्ज कर सकेंगे। सबसे पहले आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर अपनी सुविधा के अनुसार उपलब्ध 16 क्षेत्रीय भाषाओं में से अपनी भाषा का चयन करना होगा। इसके बाद रजिस्ट्रेशन के लिए अपना राज्य या केंद्र शासित प्रदेश चुनकर परिवार के मुखिया (Head of Household) का नाम, मोबाइल नंबर एवं ईमेल (वैकल्पिक) दर्ज करना होगा। Verify & Proceed पर क्लिक करने पर मोबाइल पर प्राप्त 6 अंकों के OTP से वेरिफिकेशन पूरा किया जाएगा। एक परिवार के लिए एक ही मोबाइल नंबर का उपयोग किया जा सकेगा। अगले चरण में घर की लोकेशन की जानकारी (Mapping) भरते हुए जिला, पिन कोड तथा गांव या शहर का नाम चुनना होगा। स्क्रीन पर दिखाई देने वाले डिजिटल मैप पर रेड मार्कर (Red Marker) को खींचकर अपने घर की सही लोकेशन पर सेट करना आवश्यक होगा, जिससे जनगणना कर्मचारी को घर तक पहुंचने में आसानी होगी।
33 प्रश्नों की प्रश्नावली भरनी होगी
घर की सही लोकेशन सेट करने के बाद हाउस-लिस्टिंग से जुड़े लगभग 33 प्रश्नों की प्रश्नावली भरनी होगी, जिसमें मकान का विवरण, परिवार की जानकारी, उपलब्ध सुविधाएं जैसे पीने का पानी, बिजली, शौचालय, रसोई एवं ईंधन (LPG आदि) तथा संपत्ति एवं जीवनशैली (Assets) जैसे टीवी, इंटरनेट, स्मार्टफोन एवं वाहन (साइकिल/कार) से संबंधित जानकारी शामिल है। सभी जानकारी भरने के बाद Preview स्क्रीन पर डेटा की जांच की जा सकती है तथा आवश्यकतानुसार Draft के रूप में सेव कर बाद में पूरा किया जा सकता है। इसके पश्चात Final Submit बटन पर क्लिक करना होगा।
एसई आईडी सुरक्षित रखना आवश्यक
जानकारी सबमिट करने के बाद 11 अंकों की विशिष्ट स्व-गणना आईडी (Self-Enumeration ID (SE ID) ) प्राप्त होगी, जो स्क्रीन पर दिखाई देगी तथा SMS एवं ईमेल के माध्यम से भी मिलेगी। इसे सुरक्षित रखना आवश्यक है। अंतिम चरण में जब जनगणना कर्मचारी (Enumerator) घर पर आएंगे, तब नागरिकों को केवल अपनी 11 अंकों की SE ID दिखानी होगी, जिससे कर्मचारी अपने डिवाइस में इसे दर्ज कर जानकारी का सत्यापन कर सकेंगे।
30 अप्रैल तक ऑनलाइन गणना का अवसर
प्रशासन के कार्यक्रम के अनुसार, ऑनलाइन स्व-गणना की प्रक्रिया 16 अप्रैल से 30 अप्रैल तक संचालित की जाएगी। इसके पश्चात, 1 मई से 30 मई 2026 तक मकान सूचीकरण का कार्य पूरी तरह डिजिटल माध्यम से प्रगणकों द्वारा घर-घर जाकर संपादित किया जाएगा। इस डिजिटल पहल का उद्देश्य जनगणना की प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाना है। 1 मई से 30 मई के बीच जब जनगणना कर्मचारी घर पहुंचेंगे, तब जिन नागरिकों के पास आईडी होगी, उन्हें दोबारा जानकारी देने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
मोबाइल या कंप्यूटर से आसान प्रक्रिया
जानकारी के अनुसार स्व-गणना की सुविधा मोबाइल, टैबलेट या कंप्यूटर के जरिए कहीं से भी की जा सकती है। नागरिकों को अपने मोबाइल नंबर और ओटीपी से लॉगिन करना होगा। इसके बाद डिजिटल नक्शे पर अपने घर का स्थान चिन्हित कर परिवार के सदस्यों, मकान और सुविधाओं से जुड़ी जानकारी भरनी होगी। प्रक्रिया पूरी होने पर एक यूनिक आईडी जारी की जाएगी, जिसका उपयोग सत्यापन के समय किया जाएगा।
प्रगणक एवं पर्यवेक्षकों ने फील्ड में किया अभ्यास किया
जनगणना कार्य निदेशालय भारत सरकार के निर्देशानुसार एवं कलेक्टर मिशा सिंह के मार्गदर्शन में जनगणना 2027 के लिए प्रथम चरण मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना के कार्य हेतु जिले में रतलाम, ताल, आलोट, जावरा, बाजना, सैलाना, रावटी, पिपलौदा में प्रगणक एवं पर्यवेक्षकों को 1 मई से घर -घर जाकर शुरू हो रहे मकान सूचीकरण कार्य का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के बाद प्रगणक एवं सुपरवायजर द्वारा फील्ड में जाकर मकान सूचीकरण कार्य का अभ्यास भी किया गया। प्रगणक एवं सुपरवायजर द्वारा आमजन को 30 अप्रैल तक चल रहे स्वगणना कार्य की जानकारी भी दी एवं स्वगणना फार्म भी भरवाए गए।