एचपीवी वैक्सीनेशन अभियान 28 फरवरी से, 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं को सर्वाइकल कैंसर से बचने के लिए किया जाएग टीकाकृत
- रतलाम जिले के 9 केंद्र पर निशुल्क होगा वैक्सीनेशन होगा
✍ सर्च इंडिया न्यूज, डेस्क रतलाम ।
सर्वाइकल कैंसर ( गर्भाशय ग्रीवा कैंसर) से बचाव के लिए ह्यूमन पैपिलोमा वायरस (एच पी वी ) टीकाकरण अभियान का शुभारंभ 28 फरवरी शनिवार से किया जाएगा। अभियान 90 दिनों तक चलेगा। पहले चरण में 14 वर्ष की लड़कियो का टीकाकरण किया जाएगा, जिन्होंने 15 वर्ष की आयु पूर्ण ना की हो। रतलाम जिले में गार्डसील नाम के वैक्सीन की 10 हजार खुराक प्राप्त हुई है। रतलाम जिले के नौ स्थान डॉ लक्ष्मीनारायण पांडेय मेडिकल कॉलेज रतलाम , बाल चिकित्सालय रतलाम, सिविल अस्पताल आलोट , सिविल अस्पताल जावरा, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नामली, बाजना सैलाना, ताल, पिपलोदा केंद्रों पर दोपहर 12 बजे से शाम 5:30 बजे तक एचपीवी वैक्सीनेशन किया जाएगा ।
कलेक्टर ने बैठक लेकर दिये निर्देश
कलेक्टर मिश्रा सिंह एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत वैशाली जैन की उपस्थिति में कलेक्टर कार्यालय सभाकक्ष में बैठक आयोजित की गई। बैठक मे कलेक्टर ने सभी लक्षित हितग्राही बालिकाओं का वैक्सीनेशन करने, उनका सहमति पत्र प्राप्त करने, वैक्सीनेशन के दौरान सभी निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन करने, टीकाकरण कराने आई बालिकाओं के लिए उचित स्थान पर बैठने की व्यवस्था, सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कार्यक्रम का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करने के लिए भी निर्देशित किया । कलेक्टर ने शिक्षक पालक संघ के माध्यम से लोगों को परामर्श प्रदान करने के निर्देश दिए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ संध्या बेलसर ने बताया कि जिले में प्रथम चरण में कुल 18917 बालिकाओं को वैक्सीनेट किया जाना है। टीकाकरण स्थल पर टीका लगवाने के बाद बच्चों को आधा घंटा निगरानी में रखा जाएगा ।
पोर्टल से भी किया जा सकेगा पंजीकरण
यू विन पोर्टल के माध्यम से टीकाकरण के लिए अपने नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर पंजीकरण किया जा सकता है। टीकाकरण स्थल पर सीधे उपस्थित होकर भी टीका लगवाया जा सकता है। टीकाकरण करने के लिए कोई एक मोबाइल फोन साथ लाना होगा, आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, अपार आईडी, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्ड, परमानेंट एजुकेशन नंबर, बैंक पासबुक अथवा आयु के संबंध में स्वयं का घोषणा पत्र से भी वैक्सीनेशन हो सकेगा ।
सर्वाइकल कैंसर क्या है
महिलाओं का दूसरा सबसे आम कैंसर सर्वाइकल कैंसर है, सर्वाइकल कैंसर गर्भाशय ग्रीवा का कैंसर महिलाओं के गर्भाशय के निचले हिस्से में कोशिकाओं की असामान्य वृद्धि है जो आमतौर पर एचपीवी संक्रमण के कारण होता है। इसके प्रमुख लक्षण योनि से असामान्य रक्त स्राव, पीरियड्स के बीच, शारीरिक सम्बन्ध बनाने के बाद या रजोनिवृत्ति के बाद, बदबूदार सफेद पानी आना डिस्चार्ज और पेल्विक अथवा कमर में दर्द मुख्य है । देश में हर साल इसके करीब 1 लाख 25 हजार नए मामले आ रहे हैं, सर्वाइकल कैंसर गर्भाशय के निचले हिस्से से जुड़ा होता है। यह बीमारी 30 साल की उम्र के बाद महिलाओं में होती है। अगर किशोरावस्था में ही एचपीवी वैक्सीन लगवा ली जाए तो सर्वाइकल कैंसर के होने की संभावना कम हो सकती है।
इन्हें नहीं लगेगा टीका
14 से 15 वर्ष की आयु के बीच की ऐसी बालिकाए जिन्होंने पहले से एचपीवी का टीका लगवा रखा हो। दवाइयों अथवा किसी भी प्रकार के वैक्सीन से गंभीर एलर्जी या बीमार हो ।